नये रिसर्च का दावा, गलत जानकारी दे रहा है WHO?

Video Description

जब दुनिया में कोई महामारी आती है तब सभी देश विश्व स्वास्थ्य संगठन यानी WHO की तरफ रुख करते हैं. कोरोना के खिलाफ जंग में भी WHO से मिल रही जानकारियों के मुताबिक ही कदमउठाए जा रहे हैं . लेकिन कई रिसर्च में यह दावा किया गया है कि इस लड़ाई में WHO का मास्क विरोधी एप्रोच गलत साबित हो रहा है. WHO के वेबसाइट पर कोरोना से बचाव के लिए कई निर्देश दिए हैं. इसके एक सेक्शन ‘WHEN AND HOW TO USE MASK’ यानी 'मास्क का इस्तेमाल कब और कैसे करें' में लिखा है-'अगर आप स्वस्थ हैं तो आपको सिर्फ उसी वक्त मास्क पहनने की जरूरत है जब आप किसी कोरोना संक्रमित का खयाल रख रहे हों'. हालाँकि कई एक्सपर्ट्स ने दावा करते हैं कि चुकी टेस्टिंग कीट लिमिटेड हैं, इस कारण यह पता लगा पाना बहुत मुश्किल है कि कौन सा व्यक्ति कोरोना से संक्रमित है? इसलिए बचाव ही एक मात्र विकल्प है. ऐसे में ज़रूरी है कि मास्क पहनना अनिवार्य है. जबकि रिसर्च में यह बात सामने आई है कि संक्रमण के हालात से लड़ने के लिए हॉन्गकॉन्ग, मंगोलिया, दक्षिण कोरिया और ताइवान जैसे देशों ने कोरोना पर काबू पाने के लिए DIY यानी खुद से तैयार किए गये सामान्य मास्क का उपयोग किया और इस संक्रमण से बचाव करने में एक हद तक सफल भी हुए चाइनीज सेंटर फॉर डिजीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन के डायरेक्टर जनरल जॉर्ज गाओ के मुताबिक सामान्य मास्क भी संक्रमण से बचने में आपकी मदद कर सकता है. कम से कम ये किसी संक्रमित व्यक्ति की ड्रॉपलेट आपके शरीर में पहुंचने से तो रोकता ही है. एक्सपर्ट कहते हैं कि यह ज़रूरी नही है कि ड्रॉपलेट्स सिर्फ़ ख़ासते या छींकते समय ही ट्रान्स्फर हो, यह गाना गाते बात करते भी आप तक पहुच सकता है, इसलिए मास्क एक अच्छा बचाव का तरीका है. एक्सपर्ट्स यह भी कहते हैं कि जरूरी नहीं है कि बचाव के लिए कोई बेहद महंगा मास्क ही पहना जाए. आप घर पर ही टी-शर्ट के दो-तीन परत कर के मास्क तैयार कर सकते हैं. इसलिए दोस्तों अपना बहुत ख्याल रखिए, हाथ धुलते रहिए, सोशियल डिस्टेन्सिंग का पालन करिए और मास्क पहन कर रहिए. धन्यवाद

Join more than 1 million learners

On Spark.Live, you can learn from Top Trainers right from the comfort of your home, on Live Video. Discover Live Interactive Learning, now.